वर्ष भर के पर्व
पर्व, ग्रहण और विशेष अवसरों पर समय बदल सकता है। यात्रा से पहले मंदिर में पुष्टि कर लें।
- चैत्र (मार्च-अप्रैल) और आश्विन (सितंबर-अक्टूबर)
नवरात्रि
पास के गढ़कालिका मंदिर में दोनों नवरात्रियों में हज़ारों श्रद्धालु आते हैं और उनमें से बहुत से गुफा तक भी पहुँचते हैं, इसलिए इन दिनों गुफाओं में भीड़ रहती है।
- कार्तिक मास की पूर्णिमा (नवंबर)
कार्तिक पूर्णिमा
शिप्रा स्नान का पर्व। एक मंदिर-सूची के अनुसार इस दिन गुफा पर नाथ संतों का समागम होता है।
- फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी (फरवरी या मार्च)
महाशिवरात्रि
वर्ष की प्रमुख शैव रात्रि। इस दिन विशेष पूजन होता है और नाथ साधु गुफा पर एकत्र होते हैं; सँकरी गुफाओं के लिए लंबी कतार की संभावना रहती है।
- बारह वर्ष में एक बार चैत्र-वैशाख (अप्रैल-मई) में; अगला 2028 में अपेक्षित
सिंहस्थ कुंभ
उज्जैन के इस महापर्व में देश भर के नाथ योगी गुफा के पास डेरा डालते हैं। भीड़ के कारण पिछले सिंहस्थों में गुफाओं के भीतर प्रवेश सीमित रखा गया था।
- श्रावण (जुलाई-अगस्त), विशेषकर सोमवार
श्रावण मास
शिव के इस पूरे मास में महाकाल के दर्शन को उज्जैन आने वाले तीर्थयात्री गुफा भी आते हैं, और यहाँ पूजन अधिक विस्तार से होता है।